Jan 29, 2026
इंदौर के 'डांसिंग कॉप' रंजीत सिंह को मिली सजा: अश्लील चैटिंग के आरोप में डिमोशन!
मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में ट्रैफिक पुलिस के मशहूर 'डांसिंग कॉप' रंजीत सिंह एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह उनके अनोखे डांस स्टेप्स नहीं, बल्कि विभागीय कार्रवाई है। सोशल मीडिया पर लाखों फॉलोअर्स वाले इस पुलिसकर्मी को इंस्टाग्राम पर एक महिला से अश्लील चैटिंग के आरोप में सजा मिली है। पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने जांच रिपोर्ट के आधार पर उन्हें कार्यवाहक प्रधान आरक्षक से डिमोट कर मूल पद आरक्षक बना दिया है। यह घटना पुलिस विभाग में अनुशासन की सख्ती को दर्शाती है।
डांसिंग स्टाइल से बने फेमस
रंजीत सिंह इंदौर के ट्रैफिक सिग्नल पर माइकल जैक्सन के मूनवॉक जैसे स्टेप्स के साथ ट्रैफिक कंट्रोल करते हुए वायरल हुए थे। उन्हें 'डांसिंग कॉप ऑफ इंडिया' कहा जाता है। जाम में फंसे लोगों को हंसाते-नाचते हुए ट्रैफिक नियमों की जानकारी देते थे। सोशल मीडिया पर उनके वीडियो ने उन्हें देशव्यापी पहचान दिलाई, फॉलोअर्स की संख्या लाखों में पहुंच गई।
अश्लील चैटिंग का आरोप और जांच
मामला तब सामने आया जब मुंबई की एक महिला (राधिका नाम से जानी जाती) ने इंस्टाग्राम चैट के स्क्रीनशॉट्स शेयर कर रंजीत सिंह पर अश्लील मैसेज भेजने, मिलने का दबाव बनाने और अनुचित प्रस्ताव देने का आरोप लगाया। महिला ने वीडियो भी जारी किया, जिसमें आरोप दोहराए गए। शुरुआत में रंजीत सिंह ने आरोपों को खारिज किया और कहा कि चैट को गलत संदर्भ में पेश किया गया, शायद फेमस होने का ड्रामा है। लेकिन विभाग ने गंभीरता से जांच की।
विभागीय सजा और डिमोशन
जांच पूरी होने के बाद इंदौर पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने सख्त कार्रवाई की। रंजीत सिंह को प्रधान आरक्षक (हेड कॉन्स्टेबल) के पद से हटाकर आरक्षक (कॉन्स्टेबल) पर डिमोट कर दिया गया। यह सजा अनुशासनहीनता और आचरण नियमों के उल्लंघन के तहत दी गई है। विभाग की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत यह कदम उठाया गया, जो पुलिसकर्मियों से उच्च नैतिक मानकों की उम्मीद करता है।







