Jan 16, 2026
बीएमसी पर बीजेपी का ऐतिहासिक कब्जा: 30 साल बाद ठाकरे वंश का अंत!
एशिया के सबसे अमीर नगर निगम बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के 2026 चुनावों में बड़ा उलटफेर हुआ है। 227 सदस्यीय सदन में बीजेपी के नेतृत्व वाले गठबंधन ने पूर्ण बहुमत हासिल कर लिया है। यह 30 साल बाद बीजेपी गठबंधन की ऐसी बड़ी जीत है, जहां ठाकरे परिवार की पारंपरिक पकड़ टूट गई। उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे के गठजोड़ के बावजूद उनका प्रदर्शन बेहद कमजोर रहा, जबकि बीजेपी ने मुंबई की सियासत में नया अध्याय लिख दिया। साथ ही पुणे, नागपुर, पिंपरी-चिंचवड़ जैसे प्रमुख नगर निगमों पर भी गठबंधन का कब्जा हो गया है।
बीजेपी की शानदार वापसी
ताजा रुझानों और परिणामों के अनुसार बीजेपी गठबंधन 130 सीटों के पार पहुंच चुका है, जो बहुमत के आंकड़े (114) से काफी ऊपर है। यह मुंबई में बीजेपी की पहली ऐसी निर्णायक जीत है, जहां वह 'बॉस' बनकर उभरी है। पिछले चुनावों में ठाकरे गुट की मजबूत स्थिति थी, लेकिन इस बार विकास, प्रशासन और स्थानीय मुद्दों पर मतदाताओं ने बीजेपी को भारी समर्थन दिया।
ठाकरे ब्रदर्स का कमजोर प्रदर्शन
उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे के संयुक्त प्रयास के बावजूद उनका गठबंधन मात्र 70 सीटों तक सिमट गया। मराठी अस्मिता और पारिवारिक विरासत का कार्ड चलाने की कोशिश नाकाम रही। यह ठाकरे परिवार के लिए बड़ा झटका है, क्योंकि बीएमसी पर उनका लंबे समय से दबदबा था।
अन्य पार्टियों की स्थिति
कांग्रेस ने करीब 11 सीटों पर जीत दर्ज की है, जबकि अन्य छोटे दल पीछे छूट गए। महाराष्ट्र के अन्य शहरों जैसे नासिक और ठाणे में भी बीजेपी गठबंधन की बढ़त बनी हुई है, जो राज्य स्तर पर उसकी मजबूती दिखाती है।
यह चुनाव महाराष्ट्र की राजनीति में बदलाव का संकेत है, जहां मतदाता अब नए विकल्पों की ओर मुड़ रहे हैं।







